| اردو خبریں | संस्कृत समाचारः मुख्य पृष्ठ | संपर्क करें | साईट मेप
You Tube
हादसे पर मिलेगी क्षतिपूर्ति अनुग्रह राशि मुकर्रर चुनाव डयूटी भी परिभाषित

विधानसभा चुनाव में चुनाव डयूटी पर तैनात होने वाले कर्मचारियों के हितों को लेकर चुनाव आयोग सजग है। इस दौरान किसी हादसे की सूरत में उन्हें क्षतिपूर्ति के बतौर अनुग्रह राशि दिए जाने का फैसला किया गया है। हादसे के प्रभाव को लेकर अलग-अलग अनुग्रह राशि तय की गई है। इस उद्देश्य से चुनाव डयूटी को भी परिभाषित किया गया है।
चुनाव आयोग ने इस मामले में चुनाव डयूटी के स्पष्टत: और ज्यादा खुलासे को लेकर बाकायदा इसे केन्द्रीय कानून और न्याय मंत्रालय के समक्ष विचार और अनुशंसा के लिए प्रस्तुत किया था। केन्द्रीय मंत्रालय ने अपने पत्र के जरिए बताया कि कर्मचारी के घर या दफ्तर से चुनाव कार्य के लिए निकलते ही और इसके पूरा करने के बाद वहाँ वापसी तक उसे चुनाव डयूटी पर माना जाएगा। इस दौरान कर्मचारी के साथ कोई हादसा यदि पेश आता है तो इसे चुनाव डयूटी पर हादसा माना जाएगा। यह स्पष्ट किया गया है कि इस बारे में चुनाव डयूटी और मृत्यु या घायल होने की घटना में आकस्मिक संबंध होना जरूरी होगा। चुनाव डयूटी में इसके प्रशिक्षण के लिए कर्मचारी का पहुँचना भी शामिल है।
इस सिलसिले में चुनाव डयूटी पर तैनात राज्य और केन्द्र शासन के कर्मचारियों को हादसे के चलते होने वाले नुकसान के लिए अनुग्रह राशि तय की गई है। इसके मुताबिक चुनाव कार्य के दौरान मृत कर्मचारी के परिवार 50 हजार रुपए, स्थाई अशक्तता पर 20 हजार रुपए और सामान्य रूप से घायल कर्मचारी को 10 हजार रुपए की सहायता दी जाएगी। इस अनुग्रह राशि की पात्रता चुनाव डयूटी के दौरान दुर्घटनाग्रस्त होने वाले कर्मचारी को ही होगी। इसका भुगतान केन्द्रीय कानून, न्याय मंत्रालय और मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय की स्वीकृति के बाद ही संबंधित कर्मचारी को जिला निर्वाचन अधिकारी (कलेक्टर) द्वारा किया जाएगा। यह अनुग्रह राशि निर्वाचन मद से दी जाएगी, लिहाजा प्रावधान यह भी रहेगा कि मृत्यु के मामले में कर्मचारी के परिवार को विभिन्न स्त्रोतों से मिलने वाली राहत और अनुग्रह राशि 10 लाख रुपए से ज्यादा न हो।
अनुग्रह राशि के दावे के लिए पुलिस में दर्ज एफआईआर, मृत्यु प्रमाण पत्र, पोस्ट मार्टम रिपोर्ट, उत्तराधिकारी का वैध प्रमाण पत्र सक्षम अधिकारी द्वारा दिया गया चुनाव डयूटी आदेश आदि तथा घायल होने संबंधी मामलों में एफआईआर, चिकित्सा एवं डिस्चार्ज प्रमाण पत्र आदि दस्तावेज पेश करना जरूरी होगा।

योगेश शर्मा