Department of Public Relation:Government of Madhya Pradesh

स्मार्ट सिटी एक्सपोजर कम ट्रेनिंग प्रोग्राम
स्मार्ट सिटी का मूल उद्देश्य जीवन को सुगम और सुविधायुक्त बनाना
 

भोपाल, स्मार्ट सिटी के निर्माण का मूल उद्देश्य शहरवासियों के जीवन को सुलभ, सुगम और सुविधायुक्त बनाना है। स्मार्ट सिटी की योजना एक मिशन है। इसके तहत मध्यप्रदेश में किये गये कार्य अन्य शहरों के लिये मिसाल बनेंगे। यह बात नगरीय विकास एवं आवास मंत्री श्रीमती माया सिंह ने भोपाल में आयोजित स्मार्ट सिटी एक्सपोजर कम ट्रेनिंग प्रोग्राम को संबोधित करते हुए कही।

श्रीमती माया सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की महत्वाकांक्षी योजना स्मार्ट सिटी में भारत के सौ शहर शामिल किए गए हैं। देश में मध्यप्रदेश ही एक मात्र राज्य है, जहाँ से सर्वाधिक सात शहर भोपाल, इंदौर, जबलपुर, ग्वालियर, उज्जैन, सागर और सतना को इस योजना में शामिल किया गया है। नगरीय विकास मंत्री ने कहा कि स्मार्ट सिटी की अवधारणा है कि नागरिकों को बुनियादी सुविधा के साथ-साथ उच्च स्तरीय गुणवत्ता का स्वच्छ और टिकाऊ पर्यावरण उपलब्ध हो। उन्होंने कहा कि इसके लिए नागरिकों के साथ समन्वय स्थापित कर उन्हें भी प्रोजेक्ट की बारीकियों से अवगत कराना जरूरी है।

स्मार्ट सिटी के संचालक श्री सजीश कुमार ने कहा कि बेहतर परिणामों के लिए शहरी स्तर पर नेतृत्व तय किए गए हैं। अन्य लोगों द्वारा किए गए उत्कृष्ट कार्यों को भी अपनाने का प्रयास आवश्यक है। आयुक्त, नगरीय विकास श्री विवेक अग्रवाल ने स्मार्ट सिटी के अन्तर्गत किए गए विभिन्न कार्यों की जानकारी दी। कार्यशाला में पब्लिक बाईक शेयरिंग, स्मार्ट पोल और इंटेलिजेंट स्मार्ट लाइट तथा बायोमिथेन प्लांट के बारे में जानकारी दी गई।