social media accounts







सक्सेस स्टोरीज

"कम्प्यूटर वाली दीदी" बनी मेघा

भोपाल : रविवार, नवम्बर 5, 2017, 14:31 IST

सफलता की कहानी तो बहुत सुनी होंगी लेकिन किसी को सफल बनाने के लिए किए गये प्रयास में जो आत्मीय सुख मिलता है यह हमने जाना मेघा गुप्ता से। मेघा गुप्ता ग्वालियर के महिला पॉलीटेक्निक कॉलेज में मूक-बधिर बच्चों के लिए कम्प्यूटर सेंटर चलाती हैं और ऐसे बच्चों को कम्प्यूटर की विविध विधाओं में दक्ष बनाने का काम करती हैं। बच्चों सहित सभी लोग उन्हें अब 'कम्प्यूटर वाली दीदी'' के नाम से जानते हैं।

मेघा का उद्देश्य है मूक-बाधिर बच्चों को रोजगार मिले और वो खुद की आजीविका चला सकें। मेघा द्वारा चलाए जा रहे सेंटर में अभी तक 70 से 80 बच्चे प्रशिक्षित होकर प्रायवेट जॉब कर रहे हैं। यह सब संभव हुआ है सरकार की जन-कल्याणकारी योजनाओं के चलते। मेघा ने बताया कि मूक-बधिर बच्चों को कम्प्यूटर में प्रशिक्षित करने की उनकी इच्छा आर्थिक अभाव के कारण संभव नहीं हो पा रही थी। महापौर श्री विवेक नारायण शेजवलकर ने नगर निगम की ओर से उन्हें 3 कम्प्यूटर उपलब्ध करवाए। मूक-बधिर बच्चों को प्रशिक्षित करने का उनका सपना अब पूरा होता नजर आने लगा है और ये बच्चे स्वयं कम्प्यूटर सीखकर खुद के पैरों पर खड़े हो रहे हैं।

मेघा ने बताया कि उनके द्वारा 8 से 12 वर्ष तक के मूक-बधिर बच्चों को छोटी-सी उम्र में ही कम्प्यूटर की विधा में दक्ष किया जा रहा है। इससे उन्हें अच्छा रोजगार उपलब्ध हो रहा है। मध्यप्रदेश शासन की जन-कल्याणकारी योजनाओं से समाज में बड़ी संख्या में नागरिक अच्छी जिंदगी जी रहे हैं और लोगों के प्रेरणा-स्रोत बन रहे हैं।

सफलता की कहानी (ग्वालियर)


दुर्गेश रायकवार
जिसका कोई नहीं, उसकी सरकार है न......
बेरोजगार सुरेन्द्र बन गया लखपति काश्तकार
प्रधानमंत्री आवास योजना से राजेश को भी मिला है पक्का मकान
बच्ची के चौंकने से रोये नाना-नानी, बजीं तालियाँ
कृषि उत्पादन बढ़ाने में सहायक सिद्ध हुए सोलर पम्प
पशु प्रजनन कार्यक्रम से बढ़ रहा है दुग्ध उत्पादन
सफेद मूसली की खेती से लखपति हुए कैलाशचन्द्र
आजीविका मिशन से जरूरतमंदों को मिला संबल
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क से आसान हुआ नर्मदा स्नान
अबकी बरसात नहीं टपकेगा मंजू का घर
वृद्धा शगुना बाई को घर पर मिली अंत्येष्टि और अनुग्रह सहायता राशि
सीताफल और मुनगा ने राजकुमार और रामकृष्ण को बनाया प्रगतिशील किसान
मशरूम की खेती और मधुमक्खी पालन से उन्नतशील कृषक बने लक्ष्मणदास
पक्का मकान मिलने से नायजा और मीना को मिला सम्मान
रोजगार मेले में युवाओं की रोजगार पाने की हसरत हुई पूरी
मुख्यमंत्री बाल श्रवण योजना से मासूम महक को मिली बोलने-सुनने की शक्ति
मुख्यमंत्री बाल हृदय योजना से श्रमिक की बेटी को मिली नई जिन्दगी
मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि योजना से गदगद हैं किसान
बेटी बाई के खेत में समय पर पर्याप्त पानी दे रहा है सोलर पम्प
रोजगार मेला में नौकरी पाकर खिले युवाओं के चेहरे
शालिनी को अब नहीं है नौकरी की दरकार
काव्या को मुख्यमंत्री बाल हृदय उपचार योजना से मिली दिल की धड़कन
बैक्टिरिया और फंगस से बनी किफायती खाद से पौधे बनेंगे स्मार्ट और इंटेलिजेन्ट
गिरीजा और मीना बनी पशुपतिनाथ मंदिर की पहरेदार
लेप्रोस्कोपिक हार्ट सर्जरी के बाद स्वस्थ है दीपशिखा
जरूरतमंदों की पक्की छत का सपना पूरा कर रही प्रधानमंत्री आवास योजना
प्रधानमंत्री योजना में मिले घर से होगी रामबाई की बेटी की शादी
विदेश अध्ययन से प्राप्त ज्ञान का वायरस रहित मिर्च उत्पादन में भरपूर उपयोग कर रहे हैं महेंद्र
रामकन्या और प्रेम भैरव को मिला सपनों का घर
सौभाग्य योजना से काजल का घर हुआ रौशन
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 ...