सक्सेस स्टोरीज

राजघाट नहर प्रणाली से किसान हुए समृद्ध

भोपाल : शुक्रवार, जनवरी 12, 2018, 17:17 IST
 

दतिया जिले में किसान परम्परागत खेती करते थे। इससे उनका गुजर बसर तो हो जाता था किन्तु उनके जीवन में समृद्धि संभव नहीं थी। राजघाट नहर प्रणाली विकसित होने से किसानों की समृद्धि का मार्ग प्रशस्त हो गया है। आज सूखे की स्थिति में भी राजघाट नहर द्वारा भरपूर पानी किसानों को मिल रहा है। ढ़ाई लाख किसानों ने एक लाख 94 हजार हैक्टेयर में पलेवा के अलावा सिंचाई भी कर ली है। अब किसान दूसरी सिंचाई की तैयारी कर रहे हैं।

राजघाट नहर प्रणाली से दतिया जिले में घोषित सिंचाई क्षमता एक लाख 94 हजार हैक्टेयर है। इसके विरूद्ध शत-प्रतिशत लक्ष्य प्राप्त कर लिया गया है। नहर प्रणाली से 749 गांव में सिंचाई हो रही है। राजघाट नहर प्रणाली से लोगों के जीवन में खुशहाली और समृद्धि आई है।

जिले में पहले एक, दो बड़े किसानों के पास ट्रैक्टर होते थे। अब गांव में ट्रैक्टरों की बाढ़ सी-आ गई है। जिले में हार्वेस्टर भी हैं। किसान हायरिंग सेंटर से भी उन्नत खेती कर रहे हैं। अब दतिया जिले में किसानों के बच्चे अग्रेंजी माध्यम के स्कूल में पढ़ रहे हैं।

 सक्सेस स्टोरी (दतिया)


दांगी/बिन्दु सुनील
बलराम तालाब से महिला कृषक श्रीमती आशा बाई ने खेती को बनाया लाभ का धंधा
मुख्यमंत्री युवा स्व-रोजगार योजना से सफल उद्यमी बने चन्द्रप्रकाश कोरी
शासकीय योजना का लाभ लेकर प्रिया द्विवेदी ने खोला आधुनिक कार गैरेज
उद्यानिकी फसलों से राजकुमार की आय में 5 गुना वृद्धि
ग्रामीण आजीविका मिशन से तारा का परिवार बना आत्म-निर्भर
आजीविका मिशन से जुड़कर सफल कपड़ा व्यवसायी बनी अंजू धुर्वे
अब रंजना बेटी का दिल भी सामान्य बच्चों की तरह धड़कता है
होशंगाबाद के ग्राम मोरपानी की आदिवासी महिलाएँ हुईं आत्म-निर्भर
मुख्यमंत्री स्व-रोजगार योजना से विवेक बना सफल व्यवसायी
ड्रिप सिंचाई से बंजर जमीन बनी उपजाऊ
स्वास्थ्य, स्वच्छता और आजीविका की बेहतरीन पहल बनी "मुस्कान " इकाई
उज्जवला योजना से शांति बाई को मिली धुएं से मुक्ति
जैविक खेती से प्रहलाद को मिला उत्कृष्ट कृषक पुरस्कार
आदिवासी कृषक दम्पत्ति को मिली ट्रैक्टर-ट्राली
उद्यानिकी एवं अंतरवर्ती फसलों से कृषक अजीत की आमदनी हुई दोगुनी
युवा उद्यमी योजना से सफल व्यवसायी बनी किरण
कियॉस्क एवं आधार सेवा सेंटर के मालिक बने दीपेश आचार्य
नि:शक्तजन विवाह प्रोत्साहन राशि से शुरू किया व्यवसाय
मत्स्य महिला कृषकों ने आत्म-निर्भरता से बनाई पहचान
उज्जवला योजना बनी गरीब महिलाओं की उजली मुस्कान
सोहागपुर में धर्मदास की है रंगीन फोटोकापी की दुकान
कृषक रामऔतार ने खेती को बनाया सर्वाधिक लाभ का व्यवसाय
किसान कल्याण का सशक्त माध्यम बनी भावांतर भुगतान योजना
झाबुआ के दल सिंह प्रगतिशील किसानों की श्रेणी में शामिल
राजपथ पर हरदा की जॉबाज दिव्या करेगी स्टंट
उज्जवला योजना से सकरी हटीला को मिली धुँए से मुक्ति
अब प्रिया स्वस्थ है और परिवार प्रफुल्लित
गुड्डी बाई अब नहीं रही बेसहारा, मिला आवास और गैस कनेक्शन
टिकरिया बनेगा लाख उत्पादक गांव
परम्परागत खेती के साथ उद्यानिकी फसल से मिला 10 लाख सालाना लाभ
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 ...